साहब क्या खड़े वाहनों के चालान काटकर बनाओगे रिकॉर्ड।

साहब क्या खड़े वाहनों के चालान काटकर बनाओगे रिकॉर्ड..?

सहारनपुर।
उत्तर प्रदेश के जनपद सहारनपुर में कोरोना काल में पुलिस नें कई करोड़ रुपयें का जुर्माना वसूला था जिसमें पुलिस नें बड़ी दलील दी थी की यह भारी भरकम जुर्माना पुलिस नें लॉक डाउन का उलंघन करने वालें और कानून के नियमों की धज्जियाँ उड़ाने वालें लोगों से वसूला था लेकिन शायद इसकी बुनियादी हकीकत कुछ और ही है दरअसल, कुछ लोगों की शिकायत है की पुलिस द्वारा काटे जानें वाले चलाना पुलिस वालों के मन मुताबिक़ और आपसी खुंदक का नतीजा है जोकि जनपदवासियों को पुलिस द्वारा दंडात्मकरूपी उपहार में मिला है. लोगो की शिकायत है की उनके मोबाइल पर अचानक SMS आया की आपका 1000, 2000 या इससे भी अधिक का चालान कट गया है क्योंकि आपने ट्रेफिक, नियमों का उलंघन किया था जबकि लोगों का कहना है की उनको यह तक नही पता की आखिर उन्होंने कब ट्रेफिक नियमों की धज्जियां उड़ाई है।



ऐसा ही एक मामला बुधवार को सामने आया जहाँ सदर थाना क्षेत्र के सिविल लाइन चौकी अंतर्गत पड़ने वाली एक दूकान का मालिक उस वक़्त चोंक गया जब उसके नम्बर पर चालान कटने का मेसेज आया और उसको बिना बात मेसेज के माध्यम से SP या सीओ से मिलने को कहा गया व्यापारी का कहना है की पुरे दिन से दूकान रोजाना की तरह खुलती है और उसका वाहन दूकान के सामने खड़ा होता है जहाँ चालान होने का तो सवाल ही नही बनता व्यापारी नें बताया की आखिर यह किस नाम का चालान है उनको नही पता और इस बात को पीड़ित व्यापारी नें मीडिया के मध्यम से जनता तक पहुँचाने के लिए कहा है और अपने लिए न्याय की मांग की है।

पुलिस नें काटा व्यापारी का अवैध चालान
पुलिस नें काटा व्यापारी का अवैध चालान




आपको बता दें की पिछले कई महीनों से लगातार शिकायतें मिल रही थी की पुलिसकर्मी मन मुताबिक चालान काटने का काम कर रहे है यहाँ तक की यह भी शिकायतें मिल चुकी है कि रुके हुए ट्राफिक में पुलिसकर्मी ख़ामोशी से पीछे से आते है और फोटो खींचकर चालान कटवा देते है
यदि जनता की शिकायतें सही है तो आखिर क्यों पुलिस जनता को परेशान करने का काम कर रही है यदि पुलिस के हाथों में कानून की डोर है तो इसका यह मतलब बिलकुल नही है की पुलिस जनता को बिना वजह परेशान करने का काम करेगी इस ओर जनपद के वरिष्ठ अधिकारीयों को जरुर ध्यान चाहिए और धूमिल हो रही छवि पर सुधार करना चाहिए।

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